पिता ( बेटे से ) – देखों बेटे , जुआ नहीं खेलते..

पिता ( बेटे से ) – देखों बेटे , जुआ नहीं खेलते | यह ऐसी आदत हैं कि यदि इसमें आज जीतोगे तो कल हारोगे , परसों जीतोगे तो उससे अगले दिन हार जाओगे |

बेटा – बस , पिताजी ! मैं समझ गया , आगे से मैं एक दिन छौड़कर खेला करूंगा |